बांग्लादेशी हिंदू-आखरी जंग….
लोकमत बांग्लादेशी हिंदू-जिंदगी की आखरी जंग…. […]
लोकमत बांग्लादेशी हिंदू-जिंदगी की आखरी जंग…. […]
जनसत्ता बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना ने वैदेशिक संबंधों को लेकर बेहद यथार्थवादी दृष्टिकोण अपना रखा है जिसके अंतर्गत यह माना जाता है की विदेश नीति संबंधी निर्णय राष्ट्रीय हित के आधार पर लिए जाना चाहिए न कि नैतिक सिद्धांतों और भावनात्मक मान्यताओं के आधार पर। दरअसल भारत की कूटनीतिक,सैन्य और आर्थिक मदद से अस्तित्व […]
राष्ट्रीय सहारा बांग्लादेश की वैश्विक साख एक आर्थिक टोकरी के तौर पर तो पुख्ता है लेकिन लोकतांत्रिक प्रतिबद्धताओं को लेकर भारत का यह पड़ोसी देश वैश्विक आलोचनाओं के केंद्र में है। दरअसल आगामी 7 जनवरी को बांग्लादेश में आम चुनाव होने वाले है। जनतान्त्रिक व्यवस्था का अनिवार्य अंग सत्तारूढ़ दल की आलोचना की आज़ादी को […]
रणकौशल की मिसाल है 1971 का युद्ध नेशनल डिफेंस कॉलेज ऑफ़ पाकिस्तान के जंगी दस्तावेज में भारत पाकिस्तान के बीच 1971 के इस समूचे युद्ध पर कुछ इस तरह लिखा गया है,हिंदुस्तानियों ने पूर्वी पाकिस्तान के खिलाफ हमले का खाका तैयार करने और उसे अंजाम देने में बिलकुल ऐसे पक्के ढंग से बनाया गया […]
जनसत्ता अन्तर्राष्ट्रीय सम्बन्धों की यथार्थवादी जरूरतों ने राष्ट्रीय सुरक्षा की अवधारणा को ही बदल दिया है। अब दो राष्ट्रों के मध्य या बहुपक्षीय सम्बन्धों को मजबूत करने के लिए सैन्य सुरक्षा के स्थान पर परिपक्व सुरक्षा को ज्यादा तरजीह दी जा रही है। यह नीति विभिन्न राष्ट्रों के बीच आपसी सहयोग की संकल्पना […]