कट्टरपंथियों की वापसी
राष्ट्रीय सहारा बंगलादेश में राजनीति बंद,विरोध,गरीबी और आतंकवाद से बाहर निकलकर […]
राष्ट्रीय सहारा बंगलादेश में राजनीति बंद,विरोध,गरीबी और आतंकवाद से बाहर निकलकर […]
राष्ट्रीय सहारा एक प्रतिरोध संगठन,एक धार्मिक आंदोलन और एक शासक दल के नेता के रूप में इस्माइल हानिया,हमास में सर्व स्वीकार्य थे और उनकी मौत के बाद फिलिस्तीन में राजनीतिक एकता की संभावनाएं खत्म हो गई है।हानिया न केवल गजा में बल्कि तुर्की,ईरान और क़तर में भी फिलिस्तीन का राजनीतिक प्रतिनिधित्व करते हुए नजर आते […]
राष्ट्रीय सहारा नेपाल के प्रधानमंत्री ओली ने सार्वजनिक रूप से कई बार कहा है कि ईश्वर का अस्तित्व नहीं है और अगर कभी कोई ईश्वर रहा है तो वो सिर्फ कार्ल मार्क्स थे। 2018 में प्रधानमंत्री बनते ही ओली ने वह सब कुछ किया जिसकी इस धार्मिक और सनातन परम्परा में विश्वास करने वाले देश […]
राष्ट्रीय सहारा,हस्तक्षेप यूनाइटेड किंगडम में गॉड सेव द किंग या गॉड सेव द क्वीन को 1745 में राष्ट्रगान के रूप में अपनाया गया था और यह आज तक ऐसा ही है। इसे दुनिया का पहला राष्ट्रगान माना जाता है। गॉड सेव द क्वीन अर्थात् हे ईश्वर,हमारी रानी को रक्षा करो है। भगवान हमारे दयालु […]
राष्ट्रीय सहारा वे माओवादी हिंसा को दरकिनार करके इसे गरीब आदिवासियों का विद्रोह कहती है। करीब डेढ़ दशक पहले उन्होंने रेड कॉरिडोर के केंद्र माने जाने वाले बस्तर की गुपचुप यात्रा की और दंडकारण्य में माओवादियों के साथ काफी वक्त बिताया। वे माओवादियों को भाई,साथी या कॉमरेड कहकर लाल सलाम कहने में फक्र महसूस किया […]
राष्ट्रीय सहारा,हस्तक्षेप दंड के औचित्य और उद्देश्य को पश्चिम और शेष दुनिया में गहरा वैचारिक और वैधानिक अंतर है। आमतौर पर यह देखा गया है कि विकासशील और पिछड़े देशों में न्याय की अवधारणा और नीतियां प्रतिशोध पर आधारित कड़ी होती है और इसे लोकप्रिय भी माना जाता है। प्रतिशोधात्मक न्याय आपराधिक न्याय की एक […]
राष्ट्रीय सहारा मध्य और दक्षिणपूर्व यूरोप के चौराहे पर स्थित सर्बिया में हजारों लोगों ने चीन और सर्बिया के झंडे हाथों में लिए शी जिनपिंग का जिस गर्मजोशी से स्वागत किया है उसने यह संदेश दिया है कि चीन को रोकने की अमेरिकी कोशिशें नाकाफी साबित हो रही है और यह नई विश्व व्यवस्था में […]
राष्ट्रीय सहारा हिन्द महासागर में शक्ति संतुलन बनाएं रखने के लिए बीजिंग और नई दिल्ली दोनों मालदीव को अपने प्रभाव क्षेत्र में रखने के लिए कृतसंकल्पित रहे है। इसका असर मालदीव की घरेलू राजनीति पर भी देखने को मिल रहा है। भारतीय उपमहाद्वीप के दक्षिण पश्चिम में स्थित इस द्वीपीय देश में मुइज्जू के राजनीतिक […]
राष्ट्रीय सहारा चुनाव प्रशासन के लिए नैतिक मानक होना चाहिए,इसे लेकर दुनिया के लगभग सभी लोकतांत्रिक देशों में संस्थाएं काम करती है। कुछ देशों में यह कार्य भारत की तरह संविधानिक संस्था देखती है तो यूके जैसे पुराने और उदार लोकतंत्र,राजनीतिक दलों से यह अपेक्षा करते है कि समावेशी विचारधारा पर किसी प्रकार का मतभेद […]